सीबीआई की विशेष अदालत ने रांची में राष्ट्रीय जनता दल प्रमुख लालू यादव को चारा घोटाले से संबंधित एक मामले में साढ़े तीन साल की कैद की सजा सुनाई है। वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए सज़ा का एलान करते हुए अदालत ने इसी मामले में लालू यादव को पांच लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
सात अन्य दोषियों फूल चंद, महेश प्रसाद, बेक जूलियस, सुनील कुमार, सुशील कुमार, सुधीर कुमार और राजाराम को साढ़े तीन-तीन साल की सजा सुनाई है और 5-5 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। विशेष अदालत ने दो अन्य दोषियों सुनील गांधी और ज्योति झा त्रिपाठी को 7 साल की सज़ा सुनाई है।
सीबीआई अदालत ने पिछले महीने की 23 तारीख को यादव और 15 अन्य अभियुक्तों को 1991 से 1994 तक देवघर कोषागार से 89 लाख रुपये से अधिक की राशि अवैध रूप से निकालने का दोषी पाया था। उस समय आरजेडी प्रमुख अविभाजित बिहार के मुख्यमंत्री थे।
आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद के खिलाफ चारा घोटाले में यह दूसरा मामला है जिसमें उन्हें दोषी ठहराया गया है। इससे पहले भी अदालत ने उन्हें एक अन्य मामले में सजा सुनाई थी।
रांची की विशेष सीबीआई अदालत में यादव के खिलाफ तीन और मामलों में कानूनी कार्रवाई जारी है जबकि एक अन्य मामला पटना की अदालत में भी चल रहा है।