देश को आज़ादी मिले आज 71 साल पूरे हो गए हैं. बुधवार को देश 72वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सुबह 7:30 बजे लाल किले पर तिरंगा फहराया. फिर लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित किया. पीएम ने अपने भाषण में तीन बड़े ऐलान किए हैं.
पहला- 2022 तक हिंदुस्तान अंतरिक्ष में मानवसहित अंतरिक्ष यान भेजेगा और वहां तिरंगा लहराएगा. दूसरा- 25 सितंबर 2018 को पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर देश में आयुष्मान भारत योजना लागू होगी. तीसरा- शॉर्ट सर्विस कमीशन में अब महिलाओं को स्थायी एंट्री मिलेगी. अभी तक इसके तहत सिर्फ पुरुषों को ही डायरेक्ट एंट्री मिलती है.
2019 के लोकसभा चुनाव से पहले पीएम मोदी का ये लाल किले के प्राचीर से आखिरी भाषण था. इसके पहले पीएम मोदी 2014, 2015, 2016 और 2017 में लाल किले से देश को संबोधित कर चुके हैं. इस बार पीएम मोदी ने करीब सवा घंटा भाषण दिया. मोदी ने कहा कि ‘आज के भारत का मतलब रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि देश के विज्ञानी अंतरिक्ष में धाक जमा रहे हैं, वहीं सेना देश की हिफाज़त में जान की बाज़ी लगाने से भी नहीं चूक रही. सेना ने सर्जिकल स्ट्राइक कर जिस तरीके से दुश्मनों को सबक सिखाने का काम किया, वह काबिले-तारीफ है. उन्होंने कहा कि हम गोली और गाली से नहीं, सबको गले लगाकर आगे बढ़ना चाहते हैं. पीएम मोदी ने ‘सपनों के भारत’ का ज़िक्र भी किया, जिसमें सबके लिए घर, स्वास्थ्य, रोज़गार, पीने का पानी, सब कुछ हो.
प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में किसी भी तबके का ज़िक्र करने से नहीं चूके. किसान, अन्य पिछड़े वर्ग (OBC), दलित युवा, महिलाएं, तीन तलाक, दक्षिण भारत, सेना, कोर्ट, शिक्षा, इंटरनेट, अर्थव्यवस्था, अंतरिक्ष – यानी ऐसा एक भी क्षेत्र नहीं था, जिसका ज़िक्र प्रधानमंत्री ने अपने भाषण में न किया हो.

