जयराम ठाकुर ने आज हिमाचल प्रदेश के नये मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ले ली है। शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने ठाकुर और ग्यारह मंत्रियों को शपथ दिलाई। शपथ लेने वाले मंत्रियों में महेन्द्र सिंह, सुरेश भारद्वाज, अनिल शर्मा, सरवीन चौधरी, राम लाल मार्कंड, विपिन सिंह परमार, वीरेंद्र कंवर, विक्रम सिंह, गोविंद सिंह और राजीव सहजल शामिल हैं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह, केन्द्रीय मंत्री और पार्टी के वरिष्ठ नेता समारोह में मौजूद थे।
ठाकुर सिराज विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र से पांच बार विधायक चुने जा चुके हैं। उन्हें रविवार को विधायक दल का नेता चुना गया था। हाल के विधानसभा चुनाव में पार्टी ने 68 सदस्यों वाली विधानसभा में 44 सीटें जीतकर कांग्रेस से सत्ता छीन ली थी।
जानिए कौन कौन बना हिमाचल का मंत्री
राजीव सैजल – पेशे से डॉक्टर हैं, दलित कोटे से मंत्री बने हैं। कसौली सीट से लगातार तीसरी बार विधायक बने हैं, कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है।
गोविंद सिंह – कुल्लू की मनाली सीट से लगातार तीसरी बार विधायक बने हैं। इनके पिता हिमाचल सरकार में मंत्री रहे हैं। 6 करोड़ की संपत्ति के मालिक गोविंद के खिलाफ 3 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
बिक्रम सिंह – कांगड़ा की जसवां-प्रागपुर सीट से तीसरी बार विधायक चुने गए बिक्रम 2000 में हिमाचल भाजयुमो के अध्यक्ष बने थे। उनके खिलाफ एक आपराधिक मामला दर्ज है।
वीरेंद्र कंवर मंत्री – उना जिले के कुटलैहड़ से विधायक हैं। वे संघ और एबीवीपी से जुड़े रहे हैं। कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं। विपिन परमार को भी मंत्री बनाया गया है। वे तीसरी बार विधायक बने हैं। आरएसएस और एबीवीपी के सक्रिय सदस्य रहे हैं।
रामलाल मार्कंडा मंत्री – इनके खिलाफ कोई आपराधिक केस नहीं है। लाहौल स्पीति से तीसरी बार विधायक बने हैं। पीएचडी की डिग्री रखने वाले रामलाल आदिवासी कोटे से मंत्री बनाए गए हैं।
सरवीण चौधरी – कांगड़ा की शाहपुर सीट से विधायक चौधरी पर एक भी आपराधिक मामला दर्ज नहीं हैं। वे 2008 से 2012 तक राज्य सरकार में मंत्री रही हैं।
अनिल शर्मा – कांग्रेस छोड़कर बीजेपी में आए हैं। टेलिकॉम घोटाले में दोषी पूर्व केंद्रीय मंत्री सुखराम के बेटे हैं। शर्मा सलमान खान की बहन अर्पिता के ससुर हैं।
सुरेश भारद्वाज – शिमला सिटी से चौथी बार विधायक बने हैं। एबीवीपी से राजनैतिक कॅरियर की शुरुआत की। हिमाचल प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष भी रह चुके हैं।
किशन कपूर – पांचवीं बार विधायक बने हैं। वे दो बार हिमाचल प्रदेश के मंत्री रह चुके हैं। वरिष्ठ बीजेपी नेता शांता कुमार के करीबी माने जाते हैं।
महेंद्र सिंह ठाकुर – दो बार मंत्री रह चुके हैं। धर्मपुर से लगातार आठवीं बार चुनाव जीते हैं। इनके ऊपर एक आपराधिक मुकदमा दर्ज है।